मुंबई में नए साल 2026 का स्वागत अचानक हुई मूसलाधार बारिश के साथ हुआ। सुबह 5:30 बजे से शुरू हुई भारी वर्षा ने शहरवासियों को चौंका दिया है। साल 2025 की भारी बारिश से परेशान रहे लोगों के लिए यह शुरुआती झटका कई सवाल खड़े कर रहा है। जानिए इस बेमौसम बारिश का शहर की रफ्तार और प्रशासन की तैयारियों पर क्या असर पड़ा।

मुंबई | नए साल 2026 का सूरज अभी ठीक से उदय भी नहीं हुआ था कि मायानगरी मुंबई की फिजाओं ने एक ऐसी करवट ली जिसने समूचे शहर को स्तब्ध कर दिया। साल के पहले ही दिन, सुबह करीब 5:30 बजे से शुरू हुई मूसलाधार बारिश ने न केवल मौसम विभाग के पूर्वानुमानों को धता बता दिया, बल्कि जश्न में डूबी मुंबई को हक्का-बक्का कर दिया।


अचानक हुई बारिश ने थामी रफ्तार


बीता साल 2025 मुंबईकरों के लिए भारी बारिश और जलभराव की यादों से भरा रहा था। लोग अभी उन यादों से उबर भी नहीं पाए थे कि साल 2026 की शुरुआत ने एक बार फिर पुराने जख्म हरे कर दिए। तड़के सुबह जब लोग नए साल की पहली किरण के स्वागत की तैयारी कर रहे थे, तभी आसमान में काले बादलों ने डेरा डाल लिया और देखते ही देखते भारी वर्षा शुरू हो गई। दादर, लोअर परेल, अंधेरी और कुर्ला जैसे निचले इलाकों में थोडा पानी भरा लेकिन सूबह होने की वजह से यातायात और सामान्य जनजीवन पर इसका सीधा असर नही पड़ा।


2025 की पुनरावृत्ति का डर


गौरतलब है कि साल 2025 में हुई रिकॉर्ड तोड़ बारिश से मुंबईवासी पूरी तरह ऊब चुके थे। बुनियादी ढांचे पर पड़ते दबाव और जल निकासी की व्यवस्था को लेकर पहले ही कई सवाल खड़े हो चुके हैं। अब साल के पहले ही दिन इस तरह का 'अनपेक्षित' मौसमी बदलाव लोगों के मन में कई गंभीर सवाल पैदा कर रहा है। क्या यह जलवायु परिवर्तन का सीधा संकेत है? क्या इस साल भी मुंबई को मानसून के दौरान ऐसी ही अनिश्चितताओं का सामना करना पड़ेगा?


प्रशासनिक सतर्कता और भविष्य की चिंता


हालांकि, अब तक किसी बड़े जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन नगर निगम (BMC) और आपदा प्रबंधन विभाग को तुरंत सक्रिय मोड में आना पड़ा है। आधिकारिक तौर पर इसे एक स्थानीय मौसमी विक्षोभ माना जा रहा है, परंतु पर्यावरणविदों का मानना है कि जनवरी की शुरुआत में ऐसी मूसलाधार बारिश सामान्य नहीं है। यह घटना न केवल प्रशासन के दावों की परीक्षा लेगी, बल्कि शहर की भविष्य की तैयारियों पर भी पुनर्विचार करने को मजबूर करेगी।


नए साल के पहले दिन की यह बारिश महज एक मौसमी घटना नहीं, बल्कि एक चेतावनी की तरह देखी जा रही है। जहां एक ओर लोग जश्न मना रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुदरत के इस अनिश्चित खेल ने आम आदमी की पेशानी पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं। साल 2026 की यह शुरुआत मुंबई के लिए उम्मीदों के साथ-साथ एक बड़ी चुनौती भी लेकर आई है।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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