क्या PM Modi को 'धमका' रहे हैं Trump? जाने क्या है "करियर खत्म कर दूँगा" वाले Viral Video का पूरा सच
प्रधानमंत्री PM MODI के राजनीतिक करियर को 'बर्बाद' करने संबंधी Donlad Trump के पुराने बयान पर भारत के विदेश मंत्रालय ने सख्त प्रतिक्रिया दी है। प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि वीडियो की सत्यता की जांच कर 'उचित कार्रवाई' की जाएगी। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो और भारत-अमेरिका संबंधों पर इसके प्रभाव की विस्तृत रिपोर्ट पढ़ें।

MEA Reaction on Trump : अंतरराष्ट्रीय कूटनीति के गलियारों में उस वक्त हलचल तेज हो गई जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक करियर से जुड़ा एक पुराना लेकिन विवादित बयान सोशल मीडिया पर दोबारा जंगल की आग की तरह फैल गया। इस वायरल वीडियो ने भारत के गलियारों में भी तीखी प्रतिक्रिया पैदा कर दी है। गुरुवार को अपनी साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) ने इस संवेदनशील मुद्दे पर अपनी चुप्पी तोड़ी और स्पष्ट किया कि भारत इस मामले को हल्के में नहीं ले रहा है।
विवाद की जड़: ट्रंप का वह 'मजाकिया' लहजा :
घटनाक्रम की शुरुआत पिछले साल 15 अक्टूबर 2025 को हुई थी, जब व्हाइट हाउस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान डोनाल्ड ट्रंप भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और रूस से तेल खरीद जैसे जटिल मुद्दों पर चर्चा कर रहे थे। उस दौरान ट्रंप ने प्रधानमंत्री मोदी की जमकर सराहना की और उन्हें एक "महान व्यक्ति" और वक्त की कसौटी पर खरा उतरने वाला नेता करार दिया। हालांकि, चर्चा के दौरान ट्रंप ने अपने चिर-परिचित अंदाज में एक ऐसी टिप्पणी की जो आज विवाद का केंद्र बन गई है। उन्होंने दावा किया कि "मोदी ट्रंप से प्यार करते हैं," लेकिन तुरंत रुकते हुए मजाकिया लहजे में जोड़ा कि इस 'प्रेम' या 'पसंद' शब्द का गलत अर्थ न निकाला जाए, क्योंकि वह "प्रधानमंत्री मोदी का राजनीतिक करियर बर्बाद नहीं करना चाहते।"
सोशल मीडिया पर 'धमकी' के रूप में पेश किया गया वीडियो :
हाल ही में अमेरिका के साथ एक नई ट्रेड डील होने के बाद, विपक्षी धड़ों और सोशल मीडिया हैंडलर्स ने ट्रंप के इस पुराने वीडियो को काटकर दोबारा साझा करना शुरू कर दिया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (X) पर कई यूजर्स ने इसे ट्रंप द्वारा पीएम मोदी को दी गई एक "परोक्ष धमकी" के रूप में पेश किया। हालांकि, कूटनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ट्रंप का यह बयान भारत की आंतरिक राजनीति में 'प्रेम' शब्द के संभावित गलत इस्तेमाल को लेकर एक कटाक्ष था, लेकिन वीडियो के दोबारा वायरल होने से कूटनीतिक तनाव की स्थिति पैदा हो गई है।
विदेश मंत्रालय का कड़ा रुख : 'उचित कार्रवाई' की चेतावनी
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल से जब इस वायरल क्लिप के बारे में सवाल पूछा गया, तो उन्होंने बेहद नपे-तुले लेकिन सख्त लहजे में जवाब दिया। उन्होंने कहा, "मैंने व्यक्तिगत रूप से वह वीडियो अभी तक नहीं देखा है। हालांकि, यदि ऐसा कोई वीडियो मौजूद है, चाहे वह असली हो या तकनीकी रूप से छेड़छाड़ किया हुआ (फर्जी), भारत सरकार उस पर उचित और आवश्यक कार्रवाई करेगी।" जायसवाल के इस बयान से साफ है कि भारत अपनी संप्रभुता और अपने नेतृत्व के सम्मान के मामले में किसी भी प्रकार की विदेशी बयानबाजी, चाहे वह मजाकिया ही क्यों न हो, पर नजर रख रहा है।
घटनाक्रम का संक्षिप्त विवरण :
तिथि | घटना | संदर्भ |
15 अक्टूबर 2025 | ट्रंप का मूल बयान | रूस से तेल खरीद और ट्रेड डील पर चर्चा के दौरान। |
फरवरी 2026 | वीडियो पुनः वायरल | नई ट्रेड डील के बाद सोशल मीडिया पर 'धमकी' के रूप में प्रचारित। |
12 फरवरी 2026 | MEA की प्रतिक्रिया | प्रवक्ता रणधीर जायसवाल द्वारा 'उचित कार्रवाई' का आश्वासन। |
भू-राजनीतिक संदर्भ और निहितार्थ :
यह विवाद ऐसे समय में गहराया है जब भारत और अमेरिका रूस-यूक्रेन संघर्ष के बीच तेल व्यापार को लेकर अलग-अलग रुख रखते आए हैं। ट्रंप ने उस समय दावा किया था कि भारत रूस से तेल खरीदना बंद कर देगा, जिसे बाद में भारत ने आधिकारिक तौर पर खारिज कर दिया था। जानकारों का मानना है कि ट्रंप की यह टिप्पणी उनके इसी दबाव की रणनीति का हिस्सा थी।
विदेश मंत्रालय की यह प्रतिक्रिया दर्शाती है कि भारत अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने नेतृत्व की छवि को लेकर पहले से कहीं अधिक सतर्क है। ट्रंप का बयान भले ही मजाकिया रहा हो, लेकिन डिजिटल युग में सूचनाओं के गलत इस्तेमाल को देखते हुए भारत ने इसे एक कूटनीतिक चेतावनी में बदल दिया है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि वाशिंगटन इस पर क्या सफाई पेश करता है।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
