एलवीएम3-एम6 मिशन के सफल प्रक्षेपण पर ISRO को देशभर से बधाइयाँ मिलीं। उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन और केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा, अमित शाह, एस. जयशंकर, नितिन गडकरी, राजनाथ सिंह और पीयूष गोयल ने इस ऐतिहासिक सफलता पर ISRO की सराहना की, जो भारत की अंतरिक्ष तकनीक और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ी उपलब्धि

Atmanirbhar Bharat space achievement : भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की अंतरिक्ष में नवीनतम सफलता एलवीएम3-एम6 मिशन के सफल प्रक्षेपण के बाद पूरे देश में उत्सव का माहौल बन गया। यह मिशन अमेरिकी स्पेसक्राफ्ट ब्लू बर्ड ब्लॉक-2 को लो अर्थ ऑर्बिट में स्थापित करने में सफल रहा, जिससे भारत की हेवी-लिफ्ट लॉन्च क्षमता और अंतरिक्ष तकनीक में वैश्विक नेतृत्व क्षमता और मजबूत हुई है।

भारत के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने अपने आधिकारिक ‘एक्स’ हैंडल से मिशन की सफलता पर ISRO की टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक मिशन भारत की अंतरिक्ष तकनीक में नेतृत्व क्षमता को दर्शाता है और वैश्विक वाणिज्यिक लॉन्च बाजार में देश की बढ़ती भूमिका को मजबूत करता है। उपराष्ट्रपति ने इसे आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक गर्व का कदम बताया।

केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा ने भी मिशन की सफलता पर अपनी खुशी व्यक्त की और कहा कि भारतीय धरती से अब तक का सबसे भारी सैटेलाइट लॉन्च करना भारत की बढ़ती ताकत और HEAVY-LIFT लॉन्च क्षमता को दर्शाता है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि यह मिशन भारतीय वैज्ञानिकों की क्षमता और भारत की अंतरिक्ष शक्ति को वाणिज्यिक सफलता में बदलने की क्षमता को दिखाता है।

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने इसे आत्मनिर्भर भारत की बड़ी सफलता बताया और मिशन को भारत की तकनीकी और अंतरिक्षीय शक्ति का प्रतीक बताया। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इसे भारत के स्पेस इकोसिस्टम के लिए गौरवपूर्ण क्षण कहा, जबकि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसे भारत की अंतरिक्ष यात्रा की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि करार दिया। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने इसे भारत की अंतरिक्ष में लंबी छलांग और ISRO की सिद्ध क्षमता बताया। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने मिशन की सफलता को भारत की बढ़ती वैश्विक उपस्थिति और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया।

इस ऐतिहासिक सफलता ने भारत को अंतरिक्ष तकनीक और वैश्विक वाणिज्यिक लॉन्च बाजार में नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया है। मिशन ने न केवल वैज्ञानिक उपलब्धि दर्ज की है, बल्कि देश के अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए नई संभावनाओं और वैश्विक सम्मान के द्वार भी खोले हैं।

Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

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