माउंट आबू में लगातार तीन दिन से तापमान जमाव बिंदु से नीचे, सर्दी के बीच पर्यटकों की भीड़ बरकरार। नक्की लेक और आसपास के स्थलों में गुजरात और मध्य प्रदेश से आए पर्यटक ठंड और शरद महोत्सव का आनंद ले रहे हैं। नए साल 2026 का आगाज ठंडी वादियों में उत्साह के साथ होगा।

माउंट आबू। राजस्थान के कश्मीर कहे जाने वाले माउंट आबू में सर्दी का सितम लगातार तीसरे दिन भी जारी रहा। तापमान लगातार गिरावट के साथ जमाव बिंदु से नीचे बना हुआ है। जिले में मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, आज का न्यूनतम तापमान जमाव बिंदु से एक डिग्री नीचे रहा। इस ठंडे मौसम के बीच पर्यटक माउंट आबू की प्राकृतिक सुंदरता और नक्की लेक सहित अन्य प्रमुख स्थलों का आनंद ले रहे हैं।

शहर में ठंड के बावजूद खाने-पीने के विविध व्यंजनों का आनंद लेने और ठंडे मौसम का अनुभव करने पर्यटकों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। गुजरात और मध्य प्रदेश से आए पर्यटक भी माउंट आबू की ठंडी वादियों में आनंद ले रहे हैं। हमारे संवाददाता ने नक्की लेक में पर्यटकों से की खास बातचीत में यह देखा कि ठंड के बावजूद वे नए साल 2026 का जश्न मनाने के लिए उत्साहित हैं।

माउंट आबू में आने वाले दिनों में शरद महोत्सव के तहत 29 दिसंबर से 31 दिसंबर 2025 तक साल का विदाई और नए साल 2026 का आगाज मनाया जाएगा। इस अवसर पर जिले में पर्यटन गतिविधियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा। अधिकारियों ने भी पर्यटकों से शरद महोत्सव में बढ़-चढ़ कर भाग लेने और मौसम के लिहाज से सावधानी बरतने का आग्रह किया है।

तीन दिनों से लगातार तापमान जमाव बिंदु के नीचे रहने के बावजूद माउंट आबू में सर्दी के मौसम ने पर्यटन को नई गति दी है। स्थानीय प्रशासन और पर्यटन विभाग की तैयारियों के चलते पर्यटक सुरक्षित और आनंदपूर्वक ठंड का अनुभव ले रहे हैं। नक्की लेक और आसपास के क्षेत्रों में पर्यटकों की बढ़ती संख्या यह दर्शाती है कि माउंट आबू सर्दी प्रेमियों और नए साल उत्सव के चाहने वालों के लिए प्रमुख स्थल बनता जा रहा है।

Updated On 27 Dec 2025 12:26 PM IST
Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau is the editorial team of Pratahkal News, dedicated to delivering accurate, timely, and unbiased news. Our Bureau focuses on verified reporting, in-depth analysis, and responsible journalism across politics, society, economy, and national affairs.

Next Story