अमेरिकी थिंक टैंक CFR की रिपोर्ट ने चेताया है कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद 2026 में भारत और पाकिस्तान के बीच फिर युद्ध की आशंका बन सकती है। जम्मू-कश्मीर में आतंकी गतिविधियों, सैन्य तैयारियों और क्षेत्रीय तनाव को रिपोर्ट ने वैश्विक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बताया है।

India Pakistan military conflict : अमेरिका के प्रतिष्ठित थिंक टैंक काउंसिल ऑन फॉरेन रिलेशंस (CFR) की एक नई रिपोर्ट ने दक्षिण एशिया की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं बढ़ा दी हैं। रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद वर्ष 2026 में भारत और पाकिस्तान के बीच एक बार फिर सैन्य टकराव की आशंका बन सकती है। CFR का आकलन है कि जम्मू-कश्मीर में बढ़ती आतंकी गतिविधियां और सीमा पार तनाव दोनों देशों को संघर्ष की ओर धकेल सकते हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय खुफिया एजेंसियों का मानना है कि मौजूदा सर्दियों के दौरान जम्मू क्षेत्र में 30 से अधिक पाकिस्तानी आतंकवादी सक्रिय हैं, जो क्षेत्रीय स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बने हुए हैं। CFR ने यह भी रेखांकित किया है कि यदि भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध होता है तो उसके भू-राजनीतिक और रणनीतिक प्रभाव अमेरिका सहित वैश्विक शक्तियों पर भी पड़ सकते हैं।

गौरतलब है कि 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इस सैन्य कार्रवाई के तहत भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में स्थित आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाया। इसके बाद आतंकियों को समर्थन देने वाली पाकिस्तानी सैन्य गतिविधियों पर भी भारतीय वायुसेना ने सटीक और प्रभावी हमले किए, जिनमें पाकिस्तान वायुसेना के कई एयरबेस क्षतिग्रस्त होने की पुष्टि हुई।

हालांकि ऑपरेशन सिंदूर के बाद जम्मू-कश्मीर में कोई बड़ा आतंकी हमला सामने नहीं आया है और दोनों देशों के बीच फिलहाल संघर्षविराम लागू है, लेकिन भारत अपनी सैन्य तैयारियों को लगातार मजबूत कर रहा है। रक्षा मंत्रालय ने थलसेना, वायुसेना और नौसेना के लिए लगभग 79 हजार करोड़ रुपये के रक्षा सौदों को मंजूरी दी है। इसमें पिनाका रॉकेट, लोएटरिंग म्युनिशन, अस्त्र मिसाइल, स्पाइस-1000 बम और नौसेना के लिए हाई-ऑल्टिट्यूड लॉन्ग रेंज ड्रोन सिस्टम शामिल हैं।

रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि ऑपरेशन सिंदूर में हुए नुकसान के बाद पाकिस्तान ने तुर्किए और चीन के साथ नए ड्रोन और एयर डिफेंस सिस्टम की खरीद को लेकर बातचीत शुरू की है। साथ ही CFR ने वर्ष 2026 में पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच भी संभावित संघर्ष की आशंका जताई है। अक्टूबर में डूरंड लाइन पर हुई भीषण झड़पों के बाद दोनों देशों के रिश्तों में आई तल्खी को इस खतरे की पृष्ठभूमि के रूप में देखा गया है।

CFR की यह रिपोर्ट अमेरिकी विदेश नीति विशेषज्ञों, पूर्व राजनयिकों, सैन्य अधिकारियों और नीति विश्लेषकों के सर्वे पर आधारित है। इसका उद्देश्य अमेरिकी नीति-निर्माताओं को उन वैश्विक क्षेत्रों के प्रति सचेत करना है, जहां भविष्य में सैन्य संघर्ष की आशंका प्रबल हो सकती है। भारत-पाक संबंधों को लेकर यह चेतावनी न केवल क्षेत्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बढ़ती रणनीतिक संवेदनशीलता को रेखांकित करती है।

Updated On 30 Dec 2025 6:20 PM IST
Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

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