महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के मुरगुड स्थित हीरक महोत्सवी श्री लक्ष्मी नारायण नागरी सहकारी पत संस्था की 60वीं वार्षिक साधारण सभा में सदस्यों के लिए बड़ी घोषणा की गई है। वित्तीय वर्ष 2025/26 में संस्था ने 3 करोड़ 39 लाख 2 हजार रुपये का रिकॉर्ड शुद्ध लाभ दर्ज किया है। इस ऐतिहासिक लाभ में से संस्था के उपाध्यक्ष श्री दत्तात्रय कांबले ने सभी सभासदों को 15 प्रतिशत लाभांश देने का ऐलान किया, जिसके तहत कुल 31 लाख 14 हजार रुपये का वितरण किया जाएगा।

संस्था के प्रदर्शन की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए वरिष्ठ निदेशक श्री डाफले सर ने बताया कि बीते रिपोर्टिंग वर्ष में संस्था ने 754 करोड़ 56 लाख रुपये का रिकॉर्ड कारोबार किया है। इसके अंतर्गत 153 करोड़ 48 लाख रुपये की जमा राशि के आधार पर 120 करोड़ 63 लाख रुपये का ऋण वितरित किया गया, जिसमें से 78 करोड़ 41 लाख रुपये का कर्ज सोने को गिरवी रखकर दिया गया है। उन्होंने 31 मार्च 2026 के बाद अगले चार महीनों की प्रगति की जानकारी भी साझा की। इसके साथ ही, चालू वर्ष में संस्था ने 40 लाख रुपये संस्था महोत्सव निधि के रूप में प्रावधानित किए हैं। वित्तीय वर्ष 31 मार्च 2027 के अंत तक संस्था ने 180 करोड़ रुपये की जमा राशि, 135 करोड़ रुपये का ऋण और 4 करोड़ रुपये का मुनाफा हासिल करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

कार्यक्रम के दौरान संस्थापक निदेशक जवाहर शाह ने संस्था की स्थापना के सफर पर प्रकाश डाला और सदस्यों से जमा राशि तथा ऋण के माध्यम से सहयोग बनाए रखने की अपील की। संस्था के ऑडिटर श्री एस जे देशपांडे (सीए गडहिंग्लज) ने प्रगति रिपोर्ट पेश करते हुए वित्तीय वर्ष 2025/26 के लिए संस्था को 'अ' वर्ग दिए जाने की औपचारिक घोषणा की। कापशी शाखा के सदस्य श्री आई डी कुंभार सर ने भी संस्था के कामकाज पर अपने विचार व्यक्त किए।

वार्षिक सभा की शुरुआत श्री लक्ष्मी नारायण की प्रतिमा के पूजन और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। पूजन संस्था के सदस्य राजेंद्र नादवडेकर, एडवोकेट सुधीर सावर्डेकर और सौ. मंजिरी सावर्डेकर द्वारा किया गया, जबकि दीप प्रज्ज्वलन सदस्य आबाजी पाटिल, आनंदा कडाले, मधुकर लाड, कृष्णात परीट, साताप्पा तांबेकर और संस्था के वाल्यूअर श्री बी. वी. बड़बड़े सर के कर-कमलों से संपन्न हुआ। इस अवसर पर फरवरी और मार्च 2026 में 10वीं व 12वीं की परीक्षाओं में मेधावी प्रदर्शन करने वाले सदस्यों के बच्चों को अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सभी निदेशकों द्वारा नकद राशि, प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, 10वीं और 12वीं कक्षा में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को संस्था के दिवंगत सदस्य स्वर्गीय शंकर गणपति शिरगांवकर की स्मृति में श्री दत्तात्रय शिरगांवकर की ओर से 500-500 रुपये का नकद पुरस्कार भी प्रदान किया गया।

संस्था के जनरल मैनेजर श्री नयनाथ डवरी ने वार्षिक रिपोर्ट का पठन किया। सभा की चर्चा में सुदर्शन हुंडेकर, नामदेव शिंदे, सूर्यकांत जाधव, दीपक घोरपड़े, विनायक हावल, आनंदा पोवार और विलास गुरव सहित कई सदस्यों ने भाग लिया। अंत में निदेशक विनय पोतदार ने सभी उपस्थित सदस्यों का धन्यवाद ज्ञापित किया।

इस महत्वपूर्ण बैठक में निदेशक दत्तात्रय तांबट, अनंत फर्नांडीस, रवींद्र खराडे, विनय पोतदार, रवींद्र सणगर, विशेषज्ञ निदेशक जगदीश देशपांडे, सौ. सुनिता शिंदे, सौ. सुजाता सुतार और श्रीमती भारती कामत मौजूद रहे। इनके अलावा सचिव मारुती सणगर, मुख्य शाखा मुरगुड के शाखा अधिकारी श्री रामदास शिऊडकर, श्री तुकाराम दाभोले (शाखा सेना कापशी), अनिल सणगर (शाखा सावर्डे छापा), बालासो पाटिल (शाखा कूर), के डी पाटिल (शाखा सरवड़े), सौ. मनीषा सूर्यवंशी (शाखा शेलेवाड़ी), आंतरिक परीक्षक श्रीकांत खोपड़े और समस्त कर्मचारी वर्ग उपस्थित था।

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Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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