नोहर के कृषि विज्ञान केंद्र में अनुसूचित जाति उप योजना के तहत सात दिवसीय व्यावसायिक सूअर पालन प्रशिक्षण का समापन हुआ, जिसमें किसानों को सूअर पालन के तकनीकी ज्ञान, आर्थिक लाभ और रोजगार सृजन के अवसर प्रदान किए गए।

नोहर, 27 नवम्बर। कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) नोहर द्वारा प्रसार शिक्षा निदेशालय, राजुवास, बीकानेर के निर्देशन में अनुसूचित जाति उप योजना के अंतर्गत आयोजित सात दिवसीय व्यावसायिक सूअर पालन प्रशिक्षण का मंगलवार को समापन हो गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य स्थानीय किसानों को सूअर पालन के व्यावसायिक दृष्टिकोण, तकनीकी ज्ञान और आय सृजन के अवसरों से अवगत कराना था।

केन्द्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं अध्यक्ष डॉ. सुरेश चंद कांटवा ने प्रशिक्षण कार्यक्रम का स्वागत करते हुए प्रतिभागियों को केवीके के कार्यों और गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने सूअर पालन को कृषि में सहायक व्यवसाय के रूप में अपनाने के महत्व और इसकी संभावनाओं पर विशेष जोर देते हुए किसानों को इसे अपनाने के लिए प्रेरित किया। साथ ही, उन्होंने केवीके द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाओं का अधिकतम लाभ उठाने का भी आग्रह किया।

कार्यक्रम के दौरान केन्द्र के पशु विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. विक्रमजीत सिंह ने स्थानीय और व्यावसायिक स्तर पर सफल सूअर फार्म संचालित करने के लिए आवश्यक ज्ञान प्रदान किया। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को सूअरों की विभिन्न नस्लों, भोजन, आवास, प्रजनन, टीकाकरण, बीमारी प्रबंधन और विपणन सहित सूअर पालन से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तृत जानकारी दी। इसके अतिरिक्त, उन्होंने सूअर पालन की अर्थव्यवस्था और रिकॉर्ड प्रबंधन के महत्व पर भी प्रकाश डाला।

केंद्र के डॉ. अशोक चौधरी ने वर्ष भर हरा-चारा उत्पादन की उन्नत तकनीकों और पेड़ आधारित चारे के महत्व पर चर्चा की, जबकि उद्यान विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. गुलाब चौधरी भी इस दौरान उपस्थित रहे। प्रशिक्षण के समापन अवसर पर डॉ. विक्रमजीत सिंह ने सभी प्रतिभागियों, विशेषज्ञों और आयोजकों का आभार व्यक्त किया।

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम ने स्थानीय किसानों के लिए व्यावसायिक सूअर पालन को न केवल आय और रोजगार का माध्यम बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, बल्कि उन्हें कृषि में सहायक व्यवसाय के रूप में नई तकनीकों और आधुनिक प्रबंधन कौशल से भी अवगत कराया है।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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